Kathua Encounter : जम्मू-कश्मीर पुलिस के 3 जवान शहीद, 2 आतंकवादी भी मारे गए; भीषण गोलीबारी और विस्फोट
जम्मू, 27 मार्च (भाषा)
Kathua Encounter : जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में हुई मुठभेड़ में दो आतंकवादी मारे गए जबकि पुलिस के 3 जवान शहीद हो गए। ये मुठभेड़ उस आतंकवाद विरोधी ऑपरेशन का हिस्सा है, जो पिछले 4 दिनों से कठुआ के जंगलों में चल रहा है।
मुठभेड़ के दौरान भीषण गोलीबारी और विस्फोट हुए। राजबाग के घाटी जूथाना क्षेत्र में जखोले गांव के पास हुई इस मुठभेड़ में लगभग 5 आतंकवादियों का एक समूह शामिल है। उल्लेखनीय है कि, रविवार शाम कठुआ जिले के हीरानगर सेक्टर में एसओजी ने आतंकवादियों के एक समूह को रोका था। व्यापक तलाशी अभियान के बावजूद आतंकवादी प्रारंभिक घेराबंदी से बच निकलने में सफल रहे। माना जा रहा है कि उन्हें प्रारंभिक मुठभेड़ स्थल से लगभग 30 किलोमीटर दूर जाखोले के पास देखा गया होगा।
जब एक एसडीपीओ के नेतृत्व में पुलिस दल गुप्त सूचना मिलने के बाद वहां पहुंचा तो आतंकवादी जंगली क्षेत्र से गुजर रहे थे। इस दौरान भारी गोलीबारी हुई, जिसके परिणामस्वरूप मुठभेड़ शुरू हो गई। पुलिस, सेना और सीआरपीएफ के अतिरिक्त बलों को तुरंत क्षेत्र में तैनात किया गया। कठुआ जिले का सुफैन गांव गोलियों, ग्रेनेड और रॉकेट फायर की लगातार आवाजों से थर्रा उठा। पूरे दिन भीषण मुठभेड़ हुई और कई शक्तिशाली विस्फोट भी हुए।
रविवार शाम को पाकिस्तान से लगी अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास सान्याल गांव में आतंकवादियों के एक समूह को रोका गया था। इसके बाद पुलिस, सेना, एनएसजी, बीएसएफ और सीआरपीएफ की मदद से बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाया गया, जिसमें हेलीकॉप्टर, यूएवी, ड्रोन, बुलेटप्रूफ वाहन और खोजी कुत्तों सहित उन्नत तकनीकी और निगरानी उपकरणों का इस्तेमाल किया गया।
तलाशी दलों को हीरानगर में मुठभेड़ स्थल के पास एम4 कार्बाइन की चार मैगजीन, दो ग्रेनेड, एक बुलेटप्रूफ जैकेट, स्लीपिंग बैग, ‘ट्रैकसूट', खाने-पीने के कई पैकेट और ‘इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस' बनाने के लिए सामग्री से भरे अलग-अलग पॉलीथीन बैग मिले। आतंकवादियों ने शनिवार को सीमा पार से घुसपैठ की। पुलिस महानिदेशक नलिन प्रभात और जम्मू क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक भीम सेन टूटी पिछले 4 दिन से कठुआ से आतंकवाद रोधी अभियान की निगरानी कर रहे हैं।