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7 को जिला मुख्यालयों पर रोष प्रदर्शन, फूंकेंगे पुतले

08:23 AM Apr 04, 2024 IST
7 को जिला मुख्यालयों पर रोष प्रदर्शन  फूंकेंगे पुतले
अम्बाला में बुधवार को गुरुद्वारा मर्दों साहिब में बैठक करके रणनीति बनाते भाकियू शहीद भगत सिंह के किसान। -हप्र
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अम्बाला शहर, 3 अप्रैल (हप्र)
किसान आंदोलन में हिस्सा लेने पर हुई गिरफ्तारयों के विरोध में संयुक्त किसान मोर्चा ने फिर से आंदोलन करने का फैसला लिया। इसके तहत 7 अप्रैल को जिला मुख्यालयों पर पूरे भारत में रोष मार्च निकाला जाएगा और सरकार का पुतला फूंका जाएगा। मांगें नहीं मानी जायेंगी तो 9 अप्रैल को शंभू बार्डर के पास अनिश्चितकाल के लिए रेल मार्ग ठप्प कर दिया जायेगा।
इस संबंध में आज अम्बाला में भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह ने गुरुद्वारा मर्दों साहिब के लंगर हाल में बैठक कर आंदोलन का जायजा लिया और गिरफ्तारियों को लेकर रोष प्रकट किया। इसके साथ 13 फरवरी से जारी किसान आंदोलन में हिस्सा लेने वाले किसानों को नोटिस देने के साथ अब पुलिस गिरफ्तारियाें को लेकर नाराजगी व्यक्त की गई। भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमरजीत सिंह मोहड़ी ने कहा कि सरकार आंदोलन के कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करके डराने का काम कर रही है। आंदोलन की काल उन्होंने दी, वे अपनी जत्थेबंदी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, उन्हीं की काल पर किसान आंदोलनरत हुए। उन्होंने सरकार को धमकी दी कि यदि दिक्कत है तो उन्हें गिरफ्तार करे।
यूं घर घर जाकर नोटिस चस्पा करने की कोई तुक नहीं। प्रशासन द्वारा किए गए हर इंतजाम के बावजूद आंदोलन के प्रत्येक चरण में किसान मौजूद रहते हैं। उन्होंने बताया कि अम्बाला में नवदीप जलबेड़ा व गुरकीरत शाहपुर की गिरफ्तारी हुई है।
जींद में पंजाब के 2 किसानों को गिरफ्तार किया हुआ है। ऐसे ही अनीश खटखट को पुलिस ने गिरफ्तार किया हुआ है। एसकेएम के आह्वान पर आज भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह से जुड़े किसान मर्दों साहिब गुरुद्वारा में इकट्ठा हुए और फैसले लिये कि हर गांव में शुभकरण का पोस्टर लगाया जाएगा और भाजपा नेताओं का शांतिपूर्ण विरोध किया जाएगा।
बैठक के दौरान आए किसानों से आंदोलन को लेकर सुझाव पूछे गए। इसके साथ 7 अप्रैल को रोष मार्च निकालने और मोदी सरकार के पुतले फूंकने का निर्णय लिया गया है।
साथ ही चेतावनी दी गई कि सरकार द्वारा बात नहीं मानी जायेगी तो 9 अप्रैल को शंभू बार्डर के पास अनिश्चिकाल के लिए रेल मार्ग ठप्प कर दिया जायेगा।
बैठक में जय सिंह जलबेड़ा, बलविंदर सिंह, सूखू जलबेड़ा, तेजवीर सिंह पंजोखरा, मंजीत सिंह मछौंडा सहित करीब 100
किसान मोटरसाइकिलों व ट्रैक्टर ट्रालियों पर पहुंचे थे।

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