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बहुआयामी सृजन की बानगी

07:07 AM Oct 29, 2023 IST
बहुआयामी सृजन की बानगी
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लेखिका डॉ. मीनाक्षी कौशिक के सृजन और मधुबाला के संपादन में आई पुस्तक ‘डॉ. रमा कान्ता शर्मा- व्यक्तित्व एवं कृतित्व’ एक बहुआयामी व्यक्तित्व से रू-ब-रू कराती है। एक साहित्यकार, गीतकार, कथाकार, नाटककार तथा गायिका के अनूठे गुणों वाली डॉ. रमा कांता शर्मा का जीवन निस्संदेह प्रेरणादायक ही है। चार दशक की साधना में उन्होंने हरियाणा की सांस्कृतिक धरोहर के संवर्धन एवं संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान दिया। तभी इस संस्कृति की ध्वजारोहक को लोकगीत कोकिला की संज्ञा दी गई है।
पुस्तक : डॉ. रमा कान्ता शर्मा रचनाकार : डॉ. मीनाक्षी कौशिक प्रकाशक : एजुकेशनल बुक सर्विस, नई दिल्ली पृष्ठ : 218 मूल्य : रु. 900.

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